लड़ाई हिन्दुस्तानियत बचाने की है
— क़ुरबान अली —
भारत में हाल के दिनों में जो घटनाएं सामने आयी हैं उससे मन बहुत खिन्न है। पहले उत्तराखंड के हरिद्वार में पिछले वर्ष दिसंबर माह की 17 तारीख से लेकर 19 तारीख...
मेरा ग़ुस्सा, मेरी नाराज़गी, मेरी पीड़ा
— माजिद पारेख —
पहलगाम में जो भयानक और नासमझी भरा हिंसक हमला हुआ है, उसने सिर्फ़ देश की शांति नहीं तोड़ी, बल्कि हर उस भारतीय मुसलमान की आत्मा को झकझोर दिया है, जो अब...
जी हाँ, हम अंधभक्त है, क्या राजनैतिक इतिहासकार रामचंद्र गुहा ,एनडीटीवी पत्रकार रवीश कुमार,...
— प्रोफ़ेसर राजकुमार जैन —
(पाँचवीं किस्त)
राजनैतिक विश्लेषक, इतिहासकार रामचंद्र गुहा द्वारा संपादित प्रस्तुत पुस्तक ‘मेकर्स ऑफ मॉडर्न इंडिया’ में एक पूरा अध्याय राममनोहर लोहिया पर ‘इनडिजअनस सोशलिस्ट’ ‘देशी सोशलिस्ट’ शीर्षक से लिखा गया है, लोहिया...
कब और कहां नजर आएगी ‘सिंदूरी स्पिरिट’?
— राकेश अचल —
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र दामोदर दास मोदी ने पिछले दिनों सदन में कहा था कि ये देश अब सिंदूरी स्पिरिट से चलेगा, लेकिन ये सिंदूरी स्पिरिट अभी दूर - दूर तक नजर...
जाति कब टूटेगी
— संजय कनोजिया —
एक समय था जब दकियानूसी तथा पाखंड व अन्धविश्वास से सनी प्रथाओं के बारे में लोग कहते थे कि सती-प्रथा कभी खत्म न होगी, बाल विवाह की प्रथा अनंत काल तक...
आशा है मुख्यमंत्री आतिशी दिल्ली में जनहितकारी कार्यों से नया इतिहास रचें
— रमाशंकर सिंह —
आतिशी मार्लेना दिल्ली विश्वविद्यालय के श्रेष्ठ( तम ) कॉलेज सैंट स्टीफ़न्स की टॉपर हैं। आगे की उच्च शिक्षा दुनिया के सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालयों जैसे आक्सफोर्ड युनिवर्सिटी से पूरी छात्रवृत्ति पाकर हुई और...
जब जेपी की हुंकार से सिंहासन हिल उठा
— जयराम शुक्ल —
कांग्रेस के अध्यक्ष देवकांत बरुआ का नारा ‘इंदिरा इज इंडिया’ गली-कूचों तक गूँजने लगा। इसी बीच मध्यप्रदेश में पीसी सेठी को हटाकर श्यामाचरण शुक्ल को मुख्यमंत्री बनाया गया। अखबारों की हालत...
उत्तर प्रदेश बन गया है कुशासन की मिसाल
भारतीय जनता पार्टी उत्तर प्रदेश को उत्तम प्रदेश बनाने के वादे पर सत्ता में आयी थी, लेकिन उसने इसे जंगलराज में बदल दिया है। इस बात को महज राजनीतिक आरोप कहकर खारिज नहीं किया...
जगदीप धनकड जन अदालत में हाजिर हों!
— राकेश अचल —
देश के पूर्व उप राष्ट्रपति जगदीप धनकड़ अपने पद से इस्तीफा देने के बाद से लापता हैं. धनखड़ के बारे में कुछ अटकलें और सवाल उठे हैं कि उनके ठिकाने के...
भ्रष्टाचार के सगुण चेहरे
भ्रष्टाचार के कारण सारी व्यवस्था त्रस्त है| इसके उन्मूलन के लिए संसद से सड़क तक बहस छिड़ गई है| डॉ लोहिया कहा करते थे की दृष्टि दिशा और संकल्प-तीनों का होना अनिवार्य है| भ्रष्टाचार...















