भाई जी सुब्बाराव की स्मृति में ऑनलाइन सभा

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3 नवंबर। बुधवार को ‘भाईजी ‘ के नाम से देश और दुनिया में विख्यात गांधीवादी कर्मयोगी स्व डॉ एसएन सुब्बाराव जी की याद में सोसाइटी फॉर कम्युनल हार्मोनि के द्वारा एक स्मृति सभा का ऑनलाइन आयोजन किया गया ! 92 वर्षीय भाई जी का विगत 27 अक्तूबर की सुबह जयपुर में देहावसान हो गया। भाई जी आजीवन अंहिसा की राह पर चलकर भारतीय समाज में शांति, साम्प्रदायिक एकता और सर्व धर्म समभाव के लिए कार्य करते रहे।

स्मृति सभा में सोसाइटी फॉर कम्युनल हार्मोनी के अध्यक्ष प्रो आनंद कुमार, सईदा हमीद, खुदाई खिदमतगार के फैजल खान, राष्ट्र सेवा दल के पूर्व अध्यक्ष डॉ सुरेश खैरनार, ‘महात्मा के महात्मा’ के लेखक सुज्ञान मोदी, प्रसिद्ध वैज्ञानिक व सद्भाव मिशन के प्रो विपिन कुमार त्रिपाठी, नागरिक मंच तथा समाजवादी समागम के महासचिव डॉ अनिल ठाकुर, जेपी फाउंडेशन के अध्यक्ष तथा समाजवादी शिक्षक मंच के शशि शेखर सिंह, समाजवादी चिंतक प्रो प्रेम सिंह , मैगसेसे पुरस्कार से सम्मानित डॉ संदीप पांडे, भाईजी के सहयोगी रहे संजय राय व उदय शंकर, डॉ संत प्रकाश तथा विभिन्न नागरिक संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए और भाईजी के भारत की आजादी के आंदोलन में योगदान से लेकर स्वतंत्र भारत में गांधी और विनोबा भावे के सर्वोदय तथा भूदान आंदोलन और अहिंसक मार्ग पर पूर्ण समर्पण के साथ चलकर देश के युवाओं में अंहिसा, शांति, सांप्रदायिक एकता तथा सर्व धर्म समभाव के प्रति चेतना जगाने के कार्य पर विस्तार से प्रकाश डाला।

इस अवसर पर उनके द्वारा युवाओं में गांधीजी के विचारों और कार्यों के प्रति जागरूकता पैदा करने के लिए देश-विदेश में प्रशिक्षण शिविरों के आयोजन के अद्भुत प्रयासों का उल्लेख वक्ताओं ने विस्तार से किया और चम्बल के खूंखार डाकुओं को आत्मसमर्पण करने के लिए प्रेरित करने के उनके महत्त्वपूर्ण योगदान की चर्चा की गयी। सुज्ञान मोदी तथा संजय राय ने भाई जी के द्वारा कार्यक्रमों तथा प्रशिक्षण शिविरों में सर्व धर्म समभाव की स्थापना के लिए गायी जानेवाली प्रार्थना तथा गीतों का न सिर्फ उल्लेख किया बल्कि उन्हें स्मृति सभा में गाकर भाई जी को श्रद्धांजलि दी। सोसाइटी फॉर कम्युनल हार्मोनी के अध्यक्ष प्रो आनंद कुमार ने बताया कि भाईजी से उनका संबंध लगभग 50 वर्षों से था और उनकी प्रेरणा से ही वे सोसाइटी फॉर कम्युनल हार्मोनी के अध्यक्ष बने। उन्होंने युवाओं की सतत प्रेरणा के स्रोत भाईजी के अंहिसा, शांति और भाईचारे के संदेश को देश के युवाओं में फैलाने के लिए 11 नवंबर से 14 नवंबर तक कुछ कार्यक्रम करने का निर्णय लिया और भाई जी के विश्वशांति और जय जगत के आदर्श को पूरा करने की दिशा में कार्य करने का संकल्प दुहराया।

– शशि शेखर सिंह

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