ईरान के छात्रों की ‌जान बचाने के कारण 6 महीने जेल...

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2 फरवरी, 1978 को ईरान का ‌राजा मोहम्मद रज़ा पहलवी भारत के दौरे पर दिल्ली आया हुआ था। उनके खिलाफ दिल्ली‌ यूनिवर्सिटी, जे.एन.यू. के...

कबीर का योग – परिचय दास

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कबीर का योग भारतीय आध्यात्मिक परंपरा में एक अद्वितीय और मौलिक प्रतिपादन है। यह न तो केवल शरीर की मुद्राओं का विज्ञान है, न...

कान भरने वाले लोग!

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— परिचय दास — ।। एक ।। कान भरने वाले लोग संसार की सबसे पुरानी और सबसे टिकाऊ प्रजातियों में से हैं। वे किसी खेत में नहीं...

योगी की दृष्टि : ब्राह्मण और श्रमण से आगे

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— परिचय दास — ।। एक ।। नाथ परंपरा को केवल वैदिक, तांत्रिक, योगिक और श्रमण तत्त्वों का मिश्रण कह देना पर्याप्त नहीं है। प्रश्न यह...

प्रेम, छल और समकालीन मनुष्य की त्रासदी –  परिचय दास 

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।। एक।। केतन, सिया और चेतन चौधरी से जुड़ा यह प्रकरण केवल एक संभावित अपराध-कथा नहीं है; यह हमारे समय की उन दरारों का भी...

25 जून आपातकाल 1975 : समकालीन परिप्रेक्ष्य में पुनर्विचार

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— परिचय दास — भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में 25 जून , 1975 की रात केवल एक तिथि नहीं है बल्कि वह एक ऐसा मोड़...

आपातकाल और सत्ता समर्थक साहित्यकारों की उलझन

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— परिचय दास — आपातकाल के समर्थक साहित्यकारों पर पुनर्विचार करते समय सबसे पहले यह समझना आवश्यक है कि साहित्य और सत्ता का संबंध सदैव...

संवाद की वापसी : “शेखर टुनाइट” का सांस्कृतिक पाठ

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— परिचय दास — ।। एक ।। मई , 2026 में आरम्भ हुए "शेखर टुनाइट" के अब तक सार्वजनिक रूप से चर्चित एपिसोडों में प्रमुख रूप...

आत्मरति, अवसाद और प्रहसन में घिरा समाज – अरुण कुमार त्रिपाठी

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मशहूर समाजशास्त्री आशीष नंदी ने कुछ साल पहले एक पुस्तक लिखी थी जिसका शीर्षक था—रिजीम्स आफ नारसिसिज्म, रिजीम्स आफ डेस्पेयर। यानी आत्मरति और अवसाद...

बशीर बद्र : धीमी रोशनी का शायर

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— परिचय दास — ।।एक।। बशीर बद्र की ग़ज़लों में शब्द केवल अर्थ नहीं रखते, वे अपने भीतर एक हल्की-सी धूप, एक ठंडी छाया और एक...