चवदार तालाब पानी सत्याग्रह के सौंधे वर्ष का आरंभ उत्सव मनाया गया

0

संघर्ष के गौरवशाली इतिहास को याद करने के इस कार्यक्रम के सहभागी रहे- रवींद्र प्रसाद, गणेश राम, राम पलक चौधरी, सुरेश प्रसाद, राजकुमार दास , सुशील कुमार, अवधेश कुमार, मंथन, जगनारायण, विक्रम झा, काशीनाथ प्रजापति, विश्वनाथ महतो, उषा देवगम, दिनेश यादव, अजय आर्य, अमरेन्द्र, गौतम बोस, देवाशीष, सुजय राय, अरविन्द रजक, व्यास राम, उपेंद्र रजक, बिश्राम राम, अनिमा बोस, सतीश प्रसाद, कृष्ण वलेले, विमल कुमार गुप्ता, जगदीश गोप, मो शाहिद, मनोज कुमार किशोर बौद्ध, बिनोद कुमार , सुरेश रजक, कन्हैया रजक, रामचंद्र दास, अशोक कुमार,शंभु मुखी, कमलेश कुमार, सत्यनारायण दास, सावन, निर्मल गोप, सागर कुमार दास, सुबोध दास, प्रदीप राम, श्याम लाल, उमेश कुमार दास, सरयु राय दास, हरिबालक प्रसाद, बिंदेश्वर राम, जगदीश राम, राम प्रवेश दास, भी ऐन प्रसाद, बिनोद कुमार रजक, सुरेन्द्र प्रसाद, कविचंद रजक, संजोग कुमार कालिंदी, मनोज गुप्ता, उमेश कुमार दास, राम प्रसाद, बालेश्वर दास, कृतिबास महतो, अनुप दास, बालेश्वर दास, महेश चौधरी, जगदीश राम, पूर्णिमा,गौरी पासवान , उमेश प्रसाद आदि।

समता संघर्ष जारी रहेगा का आह्वान करता यह कार्यक्रम अच्छे भागीदारी के साथ सम्पन्न हुआ। पूरे साल इस तरह के कार्यक्रम करने का मानस वक्ताओं के वक्तव्य से जाहिर होता रहा।

वक्ताओं ने 1927 में हुए महाड़ (महाराष्ट्र ) स्थित चवदार तालाब से हजारों की संख्या में जुटकर एक साथ पानी पीने के सत्याग्रह का इतिहास बताया। आज की स्थिति बताई । और संघर्ष की जरूरत को चिन्हित किया।


Discover more from समता मार्ग

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Leave a Comment