Tag: शिवानन्द
आज़ाद भारत में औपनिवेशिक पुलिस व्यवस्था: आखिर कब बदलेगा इसका चरित्र?
— शिवानन्द —
आज़ाद भारत में भी अंग्रेज़ों के ज़माने की पुलिसिया बर्बरता और औपनिवेशिक प्रशासनिक व्यवस्था आज तक जारी है। इसमें सुधार की सख़्त...
संघ का अनुशासन और मनुष्य का विवेक – शिवानन्द
संघ का अनुशासन मनुष्य को किस हद तक अविवेकी बना सकता है, इसका एक अनुभव मुझे बहुत पहले हुआ था। गोलवलकर साहब यानी संघ...
वंदे मातरम् के सवाल पर भारतीय जनता पार्टी! – शिवानन्द
वंदे मातरम् के सवाल पर भारतीय जनता पार्टी आज जिस तरह गदर मचा रही है, उसके पीछे असली कहानी कुछ और है। इसे मुस्लिम...
रामनंदन मिश्र की वह बात, जो आज भी याद आती है...
बहुत पुरानी बात है। वर्ष 1967 की। बिहार में पहली बार गैर-कांग्रेसी सरकार बनी थी। केवल बिहार ही नहीं, देश के कई राज्यों में...














