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राजनीति

Om Birala

लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के विरुद्ध अविश्वास मत पर लोकसभा में चर्चा

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जैसा कि केंद्रीय मंत्री रिजजु के मुताबिक लोक सभा स्पीकर के विरुद्ध अविश्वास मत 40 वर्षों बाद लाया गया है और उनके मुताबिक इस पर पहले पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और बाद में पूर्व...
नीतीश कुमार

गुनाह कोई करे, शर्मिंदगी सबको उठानी पड़े! – राजकुमार जैन

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बिहार के मुख्यमंत्री रहे नीतीश कुमार से मेरा संबंध उस समय से रहा है, जब वे लोहिया विचार मंच से जुड़े एक जमीनी कार्यकर्ता के रूप में सक्रिय थे। उस दौर में तिगड़ी—वशिष्ठ नारायण...
Nitish Kumar

नीतीश कुमार के राज्य सभा में जाने के निहितार्थ – परिचय दास

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भारतीय राजनीति में कुछ निर्णय ऐसे होते हैं जो सतह पर बहुत छोटे दिखते हैं, पर भीतर से पूरे परिदृश्य की रेखाओं को धीरे-धीरे बदलने लगते हैं। सत्ता की दुनिया में हर चाल सीधी...
Ayatollah Ali Khamenei

अब घृणा और युद्ध पर टिका होगा नया विश्व – अरुण कुमार त्रिपाठी

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अमेरिका और इजराइल ने रमजान के पवित्र महीने में ईरान पर हमला करके सुप्रीम नेता अयातुल्ला अली खामेनेई, राष्ट्रपति मोहम्मद पेजस्कियां, ईरान इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर के कमांडर जनरल पकपोर, रक्षामंत्री अली शमखान को...
GalGotias University

गलगोटिया की अपसंस्कृति अचानक नहीं आयी – डॉ योगेन्द्र

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भारत में लोगों को काम मिल नहीं रहा है और एआई से काम के घंटे आधे रह जायेंगे और काम पहले से दोगुना होगा। खुश होइए भाई लोग। आर एस एस के संघ सरसंघचालक...

जाति के दड़वों की घुटन – डॉ योगेन्द्र

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डॉ अम्बेडकर के नेतृत्व में चवदार तालाब आंदोलन ( महाड़ सत्याग्रह) हुआ 20 मार्च 1927 को।इस महान आंदोलन को पूरे सौ वर्ष होने वाले हैं। चवदार का मराठी में अर्थ होता है स्वादिष्ट। चवदार...
Nobel Peace Prize winner Nargis Mohammadi

नोबेल, जेल और ईरान की सत्ता-संरचना! – परिचय दास

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तेहरान की एक न्यूज़ एजेंसी की खबर है कि ईरान में रविवार को नोबेल शांति पुरस्कार विजेता नरगिस मोहम्मदी को छह साल की सजा सुनाई गई। उनके वकील ने सजा की पुष्टि की है।...
The Epstein Files: The ugly face of capitalism.

एपस्टीन फाइल्स यानी पूंजीवाद का घिनौना चेहरा – अरुण कुमार त्रिपाठी

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जिन्हें पूंजीवाद से प्रेम है और जो मानवता का भविष्य इसी व्यवस्था में देखते हैं उन्हें एपेस्टीन फाइल्स की रोशनी में अपनी मान्यताओं पर नए सिरे से विचार करना चाहिए। जेफरी एपेस्टीन नाम के...
Epstein documents

छायाओं का नेटवर्क: एपस्टीन दस्तावेज़ों की चेतावनी

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— परिचय दास — "एपस्टीन दस्तावेज" नाम, जब भी सुनाई देता है तो एक साथ डर, रहस्य और सवाल उठता है—जेफ्री एपस्टीन। पहले केवल एक संपन्न निवेशक, ऊँची ऊँची इमारतों और महंगी नौकाओं का मालिक लेकिन...

लोक शाही की के लिए लोक सहभाग का अनोखा प्रयोग

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— गोविंद चव्हाण — आज देश के संविधान, लोक शाही और स्वतंत्रता के मूल्योंकी अवनति या दुरावस्था से आप भली भाती परिचित है । इसके अनेक कारण है लेकिन कोई राजकीय सत्ता अपने अधिकारों का...